रेप के मामले में बचने के लिए आरोपी ने लगाई अनूठी तरकीब, खुद के सुसाइड का रच डाला षडयंत्र
अजमेर : राजस्थान के अजमेर जिले में एक रेप के आरोपी ने बचने के लिए अपनी मौत का झूठा खेल रच दिया। इस दौरान गत दिनों सावर थाना क्षेत्र के नापाकाखेड़ा स्थित बनास नदी पुलिया पर सुसाइड नोट और मोटरसाइकिल छोड़कर पूरे सिस्टम को हिला दिया। बाद में यही व्यक्ति रामलाल उर्फ कालूराम आखिरकार जिंदा मिल गया। इस दौरान आरोपी ने आत्महत्या की झूठी कहानी रचकर पुलिस, एसडीआरएफ और प्रशासन को तीन दिन तक परेड करा दी। बाद में इस युवक को अजमेर रेलवे स्टेशन पर जीआरपी ने डिटेन किया। तकनीकी ट्रेसिंग और मुखबिर इनपुट की बदौलत पुलिस ने पूरा मामला बेनकाब कर दिया।
आरोपी ने 3 दिसंबर को यूं रची थी अपनी मौत की झूठी कहानी
दरअसल गत 3 दिसंबर को नियंत्रण कक्ष अजमेर से सूचना मिली कि स्टेट हाईवे-26 स्थित बनास नदी पुलिया से एक युवक छलांग लगा अपनी जान दे चुका है। पुलिस मौके पर पहुंची तो वहां मिली एक सुसाइड नोट-3 आधार कार्ड की फोटोकॉपी, एक पासपोर्ट साइज फोटो, मोटरसाइकिल मिली। दस्तावेजों के आधार पर रामलाल पुत्र धन्ना रेगर निवासी भीमपुरा, पंडेर के रूप में उसकी पहचान हुई, लेकिन अंधेरा होने के कारण रेस्क्यू नहीं हो सका। लेकिन अगले दिन से एसडीआरएफ की दो टीमें लगातार 4 से 6 दिसंबर तक खोज अभियान में जुटी रहीं। तीन दिनों की मशक्कत के बावजूद कोई शव नहीं मिला, जिससे शक और गहराया।
पुलिस को गच्चा देकर ट्रेन में घूम रहा था आरोपी
बाद में पुलिस को तो पता चला कि रामलाल के खिलाफ थाना जहाजपुर में बलात्कार जैसे गंभीर आरोपों वाला थाना प्रकरण दर्ज है। यहां से पुलिस को पुख्ता अंदेशा हुआ कि मामला आत्महत्या नहीं, बल्कि सजायाफ्ता भविष्य से बचने का नाटक है। इस दौरान दिल्ली से साबरमती जा रही ट्रेन में सफर करता मिला। वहीं 6 दिसंबर को तकनीकी टीम को लोकेशन इनपुट मिला कि रामलाल दिल्ली–साबरमती आश्रम एक्सप्रेस में सफर कर रहा है। सावर थाना पुलिस तुरंत अजमेर पहुंची और जीआरपी अजमेर की मदद से रेलवे स्टेशन पर उसे पकड़ लिया।
‘रेप केस से बचने को रचा था पूरा ड्रामा’
पूछताछ में रामलाल ने कबूल किया कि उसके खिलाफ दर्ज बलात्कार मुकदमे से बचने के लिए उसने सुसाइड का पूरा सीन बनाया। नदी में कूदने का भ्रम पैदा करने के लिए उसने बाइक, फोटो, आधार कॉपी और सुसाइड नोट पुलिया पर छोड़ दिया और फरार हो गया। पुलिस ने उसे भारतीय न्याय संहिता की धारा 170 के तहत गिरफ्तार किया और परिजनों को सूचना दे दी है। कार्रवाई में सावर थानाधिकारी राधेश्याम चौधरी, कांस्टेबल भंवरलाल, शिवप्रकाश, मुकेश और घनश्याम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
